इटली में अराजकता: मालागो ने पिरलो की नियुक्ति को रोका, माल्डिनी और
आंद्रे पिरलो की राष्ट्रीय टीम के मुख्य कोच के रूप में नियुक्ति को मालागो ने रोक दिया है, जिससे माल्डिनी और लियोनार्डो के इस्तीफे का संकट उत्पन्न हो गया है।
इटली में अराजकता: मालागो ने पिरलो की नियुक्ति को रोका, माल्डिनी और
Tuttomercatoweb के अनुसार।
पृष्ठभूमि
आंद्रे पिरलो, एक पूर्व इटालियन फुटबॉल खिलाड़ी और कोच, को राष्ट्रीय टीम का मुख्य कोच बनाने की योजना बनाई गई थी। हालाँकि, मालागो द्वारा उनकी नियुक्ति को रोकने से उनकी कोचिंग यात्रा में एक बड़ा मोड़ आया है। पिरलो का नाम इटली की फुटबॉल में एक महत्वपूर्ण स्थान रखता है, और उनकी कोचिंग क्षमताओं पर सवाल उठने से इटली की फुटबॉल संस्कृति पर भी असर पड़ सकता है।
यह क्यों मायने रखता है
आंद्रे पिरलो की राष्ट्रीय टीम के मुख्य कोच के रूप में नियुक्ति का मामला इटली की फुटबॉल में अराजकता को दर्शाता है। मालागो की रोक के कारण, न केवल पिरलो की संभावनाएं प्रभावित हुई हैं, बल्कि यह इटली की राष्ट्रीय टीम के भविष्य को भी खतरे में डाल सकता है। इसके अलावा, माल्डिनी और लियोनार्डो जैसे प्रमुख खिलाड़ियों की स्थिति भी अस्थिर हो गई है, जो टीम के दृष्टिकोण के अनुसार कोच की नियुक्ति पर विचार कर रहे हैं।
मुख्य बातें
- इटली में अराजकता: मालागो ने पिरलो की नियुक्ति को रोका, माल्डिनी और.
- आंद्रे पिरलो की राष्ट्रीय टीम के मुख्य कोच के रूप में नियुक्ति को मालागो ने रोक दिया है, जिससे माल्डिनी और लियोनार्डो के इस्तीफे का संकट उत्पन्न हो गया है।.
- Caos Italia: Malagò blocca la nomina di Pirlo, Maldini e Leonardo a rischio dimissioni.
इटली की राष्ट्रीय फुटबॉल टीम के भविष्य को लेकर अराजकता का माहौल बन गया है। आंद्रे पिरलो की मुख्य कोच के रूप में नियुक्ति फिलहाल रोक दी गई है। FIGC के अध्यक्ष जियोवानी मालागो ने पिरलो की नियुक्ति पर अपनी मंजूरी नहीं दी है। यह स्पष्ट नहीं है कि यह "नहीं" स्थायी है या नहीं, लेकिन स्थिति की गंभीरता को देखते हुए ऐसा प्रतीत होता है कि पिरलो की नियुक्ति अब टल गई है।
इससे पहले, पिरलो ने फॉनबेट मामले पर अपनी चुप्पी तोड़ी थी और यह स्पष्ट करने का प्रयास किया था कि उनकी स्थिति स्पष्ट है। हालांकि, राजनीतिक दबावों के कारण मालागो ने इस प्रक्रिया को रोक दिया है। सोमवार, 27 जुलाई को रोम में होने वाली बैठकें भी रद्द कर दी गई हैं, जिनमें पिरलो की नियुक्ति का औपचारिक ऐलान किया जाना था।
पिरलो और उनके कानूनी प्रतिनिधियों ने फॉनबेट के संबंध में स्थिति स्पष्ट की है, लेकिन मालागो ने किसी भी आगे की प्रक्रियाओं को रोकते हुए स्थिति को जटिल बना दिया है। इसी बीच, माल्डिनी और लियोनार्डो की स्थिति भी चिंताजनक हो गई है। यदि कोई कोच नियुक्त किया जाता है जो उनके दृष्टिकोण के अनुसार नहीं है, तो दोनों भी अपनी भूमिकाओं से इस्तीफा देने पर विचार कर सकते हैं।
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पिरलो ने अपने इंस्टाग्राम पर इस संदर्भ में एक पोस्ट भी साझा किया, जिसमें उन्होंने कहा, "पिछले कुछ दिनों में मैंने अपने नाम और राष्ट्रीय टीम के मुख्य कोच बनने की संभावना को लेकर जो चर्चा हुई है, उसे बहुत दुख के साथ देखा है। मैंने अब तक चुप रहना चुना था, लेकिन अब कुछ पहलुओं को स्पष्ट करना जरूरी समझता हूँ।"
पिरलो ने आगे कहा, "मेरे करियर में, मैंने हमेशा उन देशों के कानूनों और अपने अनुबंधों का सम्मान किया है, जहाँ मैंने काम किया है। हाल ही में उठे विवाद का कारण मेरा पेशेवर सहयोग है, जो कि संयुक्त अरब अमीरात में मेरी कार्यरत स्थिति से संबंधित है। इसे राजनीतिक अर्थ देना गलत है।"
उन्होंने माल्डिनी और लियोनार्डो को भी उनके समर्थन के लिए धन्यवाद दिया और कहा कि वह इटली के प्रति अपने प्यार को एक पद से नहीं मापते। यह उनके इतिहास और पहचान का हिस्सा है, जो हमेशा उनके साथ रहेगा।
आगे क्या होगा
पिरलो की नियुक्ति की स्थिति अब अनिश्चित है, और यह देखना होगा कि मालागो कब और कैसे आगे बढ़ते हैं। यदि पिरलो की नियुक्ति स्थायी रूप से रद्द होती है, तो माल्डिनी और लियोनार्डो के इस्तीफे की संभावना टीम की संरचना में और भी बदलाव ला सकती है। इटली की राष्ट्रीय टीम को अगले कदम उठाने के लिए जल्द ही एक स्थिर नेतृत्व की आवश्यकता होगी, खासकर जब से वे अगले FIFA World Cup के लिए तैयारी कर रहे हैं।
Frequently Asked Questions
आंद्रे पिरलो की मुख्य कोच के रूप में नियुक्ति क्यों रोकी गई?
FIGC के अध्यक्ष जियोवानी मालागो ने आंद्रे पिरलो की नियुक्ति पर अपनी मंजूरी नहीं दी है, जिसके कारण यह प्रक्रिया रोकी गई है।
किसने पिरलो की नियुक्ति को रोका?
पिरलो की नियुक्ति को FIGC के अध्यक्ष जियोवानी मालागो ने रोका है।
पिरलो की नियुक्ति का औपचारिक ऐलान कब होना था?
पिरलो की नियुक्ति का औपचारिक ऐलान सोमवार, 27 जुलाई को रोम में होने वाली बैठक में होना था, जो अब रद्द कर दी गई है।
माल्डिनी और लियोनार्डो की स्थिति क्या है?
माल्डिनी और लियोनार्डो की स्थिति चिंताजनक है, और यदि कोई कोच नियुक्त किया जाता है जो उनके दृष्टिकोण के अनुसार नहीं है, तो वे इस्तीफा देने पर विचार कर सकते हैं।
पिरलो ने अपने इंस्टाग्राम पर क्या कहा?
पिरलो ने अपने इंस्टाग्राम पर कहा कि उन्होंने अपने नाम और राष्ट्रीय टीम के मुख्य कोच बनने की संभावना को लेकर चर्चा को दुख के साथ देखा है और कुछ पहलुओं को स्पष्ट करना जरूरी समझा है।
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